योगी राज: खौफ में जी रहा रेप पीड़िता का परिवार, विधायक के डर से गांव जाने को नहीं है तैयार

Update: 2018-04-11 16:10 GMT

नई दिल्ली। उन्नाव में बलात्कार पीड़िता के पिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद इस पूरे प्रकरण से जुड़े मामलों की जांच के लिए विशेष जांच दल गठित कर दिया गया है। पुलिस और सरकार दोनों एक्शन में दिख रही है। वहीं उन्नाव जिले से केवल 15 किमी दूर माखी गांव में इस मामले में आरोपी भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर का खौफ इतना है कि अब भी पीड़िता और उसके घर वाले गांव लौटने को तैयार नहीं हैं। परिवार वाले अपने जीवन के लिए डर रहे हैं। परिवार के लोगों का कहना है कि उन्हें अपने जान का डर है। कुलदीप सिंह सेंगर और उसके गुर्गे उन्हें जान से मार देंगे। इंडियन एक्सप्रेस की खबर के मुताबिक, माखी गांव में कोई भी विधायक के खिलाफ बोलने को तैयार नहीं है। ज्यादातर लोग गांव छोड़कर जा चुके हैं।



एक स्थानीय निवासी अर्जुन सिंह ने बताया कि विधायक का अधिकारियों के साथ मिलीभगत है। विधायक के ही कहने पर पीड़िता के पिता पर एफआईआर दर्ज की गई। एक अन्य निवासी राकेश सिंह का कहना है कि 3 अप्रैल को लड़की के पिता पर हमला किया गया। विधायक के गुर्गों ने स्थानीय पुलिस को बुलाया था और उन्हें मामले से दूर रहने को कहा गया था। इसके बाद वह पीड़िता के पिता को विधायक के घर ले गए और घर के बाहर लाठी-डंडों से जमकर पीटा। यह कई लोगों की मौजूदगी में हुआ लेकिन उसे बचाने की किसी की हिम्मत नहीं हुई। उन्नाव जिला मजिस्ट्रेट रवि कुमार ने पीड़िता और उसके परिवार के रहने की व्यवस्था सरकारी गेस्ट हाउस की है। जिला मजिस्ट्रेट ने बताया कि पीड़िता और उसके परिवार वालों के कहने पर हमने उन्हें ठहरने की व्यवस्था की है। पीड़िता की मां का कहना है कि जब तक स्थिति नॉर्मल नहीं हो जाती हम गांव वापस नहीं जाएंगे।



उन्होंने आरोप लगाया कि विधायक और उसके गुर्गे हमारे साथ कुछ भी कर सकते हैं और गांव में किसी की हिम्मत नहीं है कि वह विधायक के गुर्गों के सामने कुछ बोल सके। गांव का कोई भी व्यक्ति विधायक के खिलाफ जाकर हमारे लिए आवाज नहीं उठाएगा। आपको बता दें कि विधायक की पत्नी संगीता सिंह सेंगर उन्नाव की जिला पंचायत अध्यक्ष हैं और उनके भाई अतुल सिंह की पत्नी अर्चना सिंह गांव की प्रधान हैं।  इस मामले में बुधवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भी खुद संज्ञान लेते हुए इस मामले की सुनवाई की तारीफ 12 अप्रैल तय की है। हाईकोर्ट ने इस मामले में यूपी सरकार से पूरी रिपोर्ट पेश करने को कहा है। गुरुवार को इस मामले की सुनवाई हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस की अगुवाई में की जाएगी। इस मामले के तूल पकड़ने के बाद मंगलवार शाम को सीएम योगी आदित्यनाथ ने SIT का गठन किया था। बुधवार सुबह SIT की टीम उन्नाव में पीड़िता के गांव पहुंची। बताया जा रहा है कि यहां पहुंचकर टीम कई लोगों से पूछताछ कर रही है। उन्नाव गैंगरेप केस को लेकर सुप्रीम कोर्ट में भी एक पिटीशन दायर की गई थी, जिसे कोर्ट ने मंजूर कर लिया है। 

Similar News